क्या आपने कभी सोचा है कि एक छोटी सी गलती आपकी पूरी मेहनत पर पानी फेर सकती है? भाई देखो, जब हम एग्जाम में जाते हैं, तो दिमाग में बस यही होता है कि पास हो जाएं या अच्छे नंबर आ जाएं। लेकिन कुछ लोग जल्दबाज़ी या डर की वजह से ऐसी हरकत कर बैठते हैं, जो उन्हें यूएफएम (UFM) के केस में डाल देती है। अब अगर तुम सोच रहे हो कि ये UFM है क्या बला, तो चलो पहले यही समझ लेते हैं।
UFM का मतलब क्या होता है?
UFM का फुल फॉर्म है Unfair Means यानी अनुचित साधनों का प्रयोग।
अब सीधा बोलें तो — एग्जाम में अगर तुमने कोई भी चीटिंग की या ऐसा कुछ किया जो परीक्षा के नियमों के खिलाफ है, तो वही UFM के दायरे में आता है। और भाई ये कोई छोटा-मोटा इल्ज़ाम नहीं होता, इससे तुम फेल भी हो सकते हो, और कई बार तुम्हारा पूरा रिजल्ट ही रुक जाता है।
किन छात्रों को UFM लगती है?
UFM किसी को यूं ही नहीं लगती, इसके पीछे कुछ कारण होते हैं, जैसे:
- पैंट या शर्ट की जेब में पर्ची ले जाना
- टेबल या बेंच पर कुछ लिखकर रखना
- मोबाइल फोन अंदर ले जाना (भले ही इस्तेमाल न किया हो)
- दूसरे की कॉपी देखना
- कोई तुम पर पर्ची फेंक दे और तुमने उसे उठाया
अब सोचो, तुमने कोई गलती नहीं की, लेकिन अगर किसी ने तुम्हारी सीट के नीचे पर्ची फेंक दी और निरीक्षक ने पकड़ लिया — तो तुम पर भी UFM लग सकती है। और यही सबसे दुखद होता है।
2024-25 सेमेस्टर UFM अपडेट: किसको ध्यान देना चाहिए?
ये जो नई सूचना आई है, ये उन छात्रों के लिए है जिन्होंने 8 जनवरी से 7 फरवरी 2025 के बीच की परीक्षाएं दी थीं। जिन पर परीक्षा के दौरान UFM के अंतर्गत कार्रवाई की गई है, उन्हें अपना स्पष्टीकरण 18 अप्रैल 2025 तक यूनिवर्सिटी को देना होगा।
अब देखो, ये मौका है अपनी बात रखने का। अगर तुम चुप रहे तो माना जाएगा कि तुम दोषी हो।
AKTU UFM Official Notification
सेवा में,
निदेशक / प्राचार्य,
डा० ए०पी०जे० अब्दुल कलाम प्राविधिक विश्वविद्यालय, उ०प्र०, लखनऊ से सम्बद्ध समस्त संस्थाएं।
विषयः
शैक्षिक सत्र 2024-25 के विषम सेमेस्टर प्रथम चरण की परीक्षाओं में अनुचित साधन प्रयोग (UFM) के अन्तर्गत आने वाले छात्र/छात्राओं के संबंध में।
महोदय,
उपरोक्त विषय के संबंध में अवगत कराना है कि शैक्षिक सत्र 2024-25 के विषम सेमेस्टर प्रथम चरण की परीक्षाएं जो दिनांक 08 जनवरी 2025 से 07 फरवरी 2025 के मध्य सम्पन्न करायी गई है। उक्त परीक्षा में प्रतिभाग करने वाले कतिपय छात्र/छात्रा परीक्षा के दौरान अनुचित साधन के प्रयोग (UFM) के अन्तर्गत पाये गये हैं, ऐसे सभी छात्र/छात्राएं अपना स्पष्टीकरण पत्र के माध्यम से दिनांक 18 अप्रैल, 2025 तक कार्यालय के ई-मेल aktuufm@gmail.com पर प्रेषित करना सुनिश्चित करें, ताकि सम्बन्धित छात्र/छात्रा के परीक्षा परिणाम जारी होने के पूर्व सम्बन्धित छात्र के द्वारा प्रस्तुत पक्ष पर UFM समिति द्वारा अवलोकन करते हुए यथोचित निर्णय लिया जा सके। यदि किसी छात्र/छात्रा द्वारा निर्धारित उक्त तिथि तक अपना पक्ष प्रस्तुत नहीं किया जाता है तो विश्वविद्यालय द्वारा यह मान लिया जायेगा कि सम्बन्धित छात्र/छात्रा को कुछ नहीं कहना है।
उक्त के अतिरिक्त यह भी सूचित करना है कि सम्बन्धित छात्र द्वारा अपना स्पष्टीकरण देते समय अनुक्रमांक एवं सम्बन्धित विषय कोड अवश्य लिखा जाय तथा ई-मेल केवल एक ही बार किया जाय।
अतः आपसे अनुरोध है कि उपरोक्त से सम्बन्धित छात्र/छात्राओं को सूचित करते हुए आवश्यक कार्यवाही करने का कष्ट करें।
स्पष्टीकरण कहां और कैसे भेजना है?
ईमेल आईडी है — aktuufm@gmail.com
इसी पर एक अच्छी सी एप्लीकेशन टाइप करके भेजनी है।
ध्यान दो, ईमेल एक ही बार भेजनी है। दो बार भेजोगे तो सिस्टम में गड़बड़ हो सकती है।
स्पष्टीकरण एप्लीकेशन का नमूना: Explanation Sample Application:
To,
The Controller of Examinations,
[यूनिवर्सिटी का नाम]Subject: Explanation regarding UFM case – [Your Roll Number]
Respected Sir/Madam,
I, [Your Name], Roll Number [Roll Number], appeared in [Subject Name & Code] on [Exam Date]. I was wrongly accused of using unfair means during the examination. However, I would like to clarify that [पूरा डिटेल में बताएं कि क्या हुआ, जैसे कोई और पर्ची फेंक गया, मोबाइल गलती से रह गया इत्यादि]।
Kindly consider my explanation. I am ready to cooperate with further investigation.
Yours faithfully,
[Name, Signature, Contact Info]
UFM लगने के बाद क्या हो सकता है?
अब सबसे बड़ा सवाल — अगर UFM लग ही गई, और आपने सफाई नहीं दी, तो क्या होगा?
- एक सब्जेक्ट में फेल — मतलब उस सब्जेक्ट में जीरो नंबर मिलेगा।
- पूरा सेमेस्टर फेल — अगर केस बड़ा हुआ तो।
- पिछले/आगे के पेपर भी ज़ीरो हो सकते हैं — यानी मेहनत गई पानी में।
लेकिन अगर आपने अच्छे से और समय पर सफाई दी, तो बहुत बार यूनिवर्सिटी मान भी लेती है।
क्या UFM हट सकती है?
हाँ, अगर तुम निर्दोष हो और सही ढंग से अपना पक्ष रखते हो — तो मामला हट भी सकता है। लेकिन इसके लिए तुम्हें:
- सही तारीख (18 अप्रैल) से पहले मेल करना है
- सटीक जानकारी देनी है (रोल नंबर, विषय कोड आदि)
- शांत और विनम्र भाषा में लिखना है
UFM से कैसे बचें? Tips जो काम आएंगे
- परीक्षा हॉल में सिर्फ ज़रूरी सामान ही ले जाएं
- फोन, नोट्स, पर्चियां बाहर ही छोड़ दें
- कोई कुछ पास करे तो सीधे शिकायत करें
- सीट साफ-सुथरी रखें
- बिना मतलब के किसी की कॉपी न देखें
क्या हुआ अगर मैंने सच में कुछ किया?
अगर आपने कोई गलती की है, तो भी डरने की ज़रूरत नहीं। कई बार गलती छोटी होती है — जैसे किसी सवाल के पीछे कुछ लिखा होना। ऐसे में माफ भी किया जा सकता है। सच बोलो, माफी मांगो — और एक बार फिर से खुद को मौका दो।
निष्कर्ष: डरें नहीं, समझदारी से काम लें
देखो दोस्त, UFM एक सीरियस मामला है, लेकिन इसका मतलब ये नहीं कि लाइफ खत्म हो गई। अगर तुमने कुछ नहीं किया, तो अपने हक के लिए आवाज़ उठाओ। और अगर गलती हुई, तो उसे स्वीकार करो और सुधार का मौका लो। याद रखो — सफाई देना तुम्हारा हक़ है, और यूनिवर्सिटी तुम्हारी बात सुनने के लिए तैयार है।
AKTU UFM Notification Important Links
| AKTU UFM Notification | Click Here |
| AKTU Official Website Link | Click Here |
FAQs (अक्सर पूछे जाने वाले सवाल)
1. UFM का मेल कितनी बार भेज सकते हैं?
सिर्फ एक बार। दो बार मेल भेजने से उलझन हो सकती है।
2. अगर सफाई न दी तो क्या होगा?
माना जाएगा कि तुमने गलती मानी है। फिर सज़ा तय होगी।
3. क्या मोबाइल ऑफ करके ले जाना भी UFM है?
हाँ, एग्जाम हॉल में मोबाइल लाना ही मना है — ऑफ हो या ऑन।
4. पर्ची मिल जाए, लेकिन मैंने इस्तेमाल न की हो तो?
तुम्हें तुरंत निरीक्षक को बताना चाहिए। वरना शक तुम पर आ सकता है।
5. क्या UFM से करियर पर असर पड़ता है?
अगर बार-बार ऐसा हुआ तो हाँ। लेकिन एक बार की गलती माफ की जा सकती है।
